जौनपुर।रविवार को अहसन मेमोरियल सनबीम स्कूल उर्दू बाज़ार में डाक्टर शमीम हैदर साबिक़ डीन बनारस हिन्दू यूनिवर्सिटी
( बी.एच.यू) वाराणसी के इसाले सवाब की मुनक़कीद मजलिस को ख़िताब करते हुए शिराज़े हिन्द जौनपुर के मशहूर ख़तीब मौलाना फज़ले मुमताज़ खां साहब ने कहा कि इस्लाम ज़ुल्म को कतई बर्दाश्त नहीं करता उन्होंने इमाम जाफरे सादिक़ (अ.स) के हवाले से इस्लाम के बुनियादी उसूलों का ज़िक्र किया,उन्होंने कहा कि अल्लाह इन्सानों को अपने गुनाहों से तौबा करने की ताकीद करता है इंसानियत की बुनियाद पर इस्लाम सबको एक निगाह से देखता है इसलिए शखसी ( व्यक्तिगत) तौर पर किये गुनाह पर अल्लाह तौबा को जल्दी माफ करता है, लेकिन ऐसे गुनाह जो मिल्लत को नुक्सान पहुंचाऐं , समाज में बुराईयों को फैलाएं उन गुनाहों को अल्लाह माफ नहीं करता है उन्होंने इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम का ज़िक्र करते हुए कहा कि इमाम हुसैन (अ.स) ने कर्बला में हुर को माफ करके इन्सानियत को ये पैगाम दिया कि जो भी दिल की गहराइयों से अपनी गलतियों का एहसास कर लें उसे माफ कर देना चाहिए। उन्होंने कर्बला के शहीदों की प्यास का मसायब में ज़िक्र किया मजलिस में मौजूद तमाम मोमनीन की आंखें अशकबार हो गईं। मजलिस में महताब हुसैन नेता व उसके हमनवा ने सोज़खानी की , अन्जुमन कौसरिया मोहल्ला रिज़वी खां रजिस्टर्ड ने नौहा ख़ानी की मजलिस में शरीक होने वाले मोमनीन का शुक्रिया शकील अहमद एडवोकेट साबिक़ बैंक मैनेजर, ए.एम सनबीम स्कूल उर्दू बाज़ार के मैनेजर तहसीन अब्बास सोनी ने अदा किया मजलिस में रज़ा दाऊद मोहसिन शिया इन्टर कालेज जौनपुर के मैनेजर सैय्यद नजमुल हसन नजमी, शौकत हुसैन, तालिब रज़ा शकील एडवोकेट, शिया जामा मस्जिद नवाब बाग़ के मुतवल्ली शेख़ अली मंज़र डेज़ी, नासिर रज़ा गुड्डू, मौलाना सैय्यद मोहम्मद दानिश,डॉ0 राहिल,लाडले जैदी,दिलशाद हुसैन,सोनू,,नकी हसन,दानियाल,सैय्यद असलम नक़्वी, पत्रकार बेलाल जानी,इमरान हुसैन,वसीम राजा,शेरा अब्बास,मोहम्मद उस्मान,सेराज अंसारी,सरफराज अंसारी पूर्व सभासद उर्दू बाजार,अरविंद कुमार,राजकुमार,वहाब खां वगैरह मौजूद थे।