जौनपुर। उप्र के राज्य महिला आयोग की नामित सदस्य गीता बिंद द्वारा महिला उत्पीड़न की रोकथाम एवं पीड़ित महिलाओं को त्वरित न्याय दिलाये जाने तथा महिला उत्पीड़न की घटनाओं की समीक्षा हेतु निरीक्षण भवन लोक निर्माण विभाग में जन सुनवाई का आयोजन किया गया। जन सुनवाई में कुल 14 पीड़ित महिलाओं द्वारा अपने आवेदन प्रस्तुत किये गये, जिस पर संबंधित को आवश्यक कार्रवाई के लिए निर्देशित किया गया। जनसुनवाई में अतिरिक्त एसडीएम अर्चना ओझा, सीओ प्रतिभा वर्मा, जिला प्रोबेशन अधिकारी विजय कुमार पाण्डेय उपस्थित रहे।
महिला आयोग की सदस्य द्वारा जिला संयुक्त चिकित्सालय का निरीक्षण किया गया। सभी मरीजों ने उन्हें अवगत कराया कि चिकित्सक नियमित रूप से आते हैं और दवाएं भी हास्पिटल में उपलब्ध हो जाती है। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. के के राय समस्त स्टाफ़ उपस्थित रहा। तत्पश्चात महिला चिकित्सालय का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में सर्वप्रथम एसएनसीयू का निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के समय एसएनसीयू के प्रभारी डॉ. संदीप सिंह उपस्थित रहें। तत्पश्चात औषधी कक्ष एम्बुलेंस हेल्प डेस्क, लेबर रूम एवं वार्ड का गहनता से निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में महिलाओं द्वारा डाक्टरों की उपस्थित एवं दवाओं के उपलब्धता के बारे में संतोषजनक जवाब दिया गया। इस दौरान मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. दीपक जायसवाल एवं काउंसलर सीमा सिंह उपस्थित रहीं। तत्पश्चात जिला जेल का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में 50 महिला बंदी व 5 बच्चे पाये गये। सभी महिलाओं से उनके मामले की जानकारी ली गई। आंगनवाड़ी केन्द्र लपरी का निरीक्षण किया गया वहां महिलाओं की गोद भराई एवं बच्चों का अन्नपासन किया गया।